रक्तदान के क्षेत्र में योगदान के लिए किया सम्मानित
सहरसा:- बिहार सरकार के स्वास्थ्य विभाग एवं बिहार राज्य एड्स नियंत्रण समिति के संयुक्त तत्वावधान में 7 अक्टूबर को पटना के गर्दनीबाग स्थित बापू टावर में वॉलंटरी ब्लड डोनेशन ऑर्गनाइजर कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया। इस राज्यस्तरीय सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य बिहार में स्वैच्छिक रक्तदान शिविरों को बढ़ावा देना, रक्तदाताओं एवं रक्तदान शिविरों के आयोजकों को सम्मानित करना तथा राज्य में सुरक्षित और पर्याप्त रक्त आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में प्रभावी पहल करना था। कार्यक्रम में बिहार के विभिन्न जिलों से रक्तदान के क्षेत्र में कार्यरत स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों एवं ब्लड बैंक के काउंसलरों ने भाग लिया। सम्मेलन में रक्तदान अभियान को अधिक प्रभावी बनाने, रक्तदाताओं को प्रोत्साहित करने तथा रक्तदान से जुड़ी समस्याओं के समाधान पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता बिहार राज्य एड्स नियंत्रण समिति के परियोजना निदेशक आईएएस सुमित कुमार एवं अपर परियोजना निदेशक डॉ. एन. के. गुप्ता ने की। इस दौरान विभिन्न जिलों से आए रक्तदान संगठनों के प्रतिनिधियों की समस्याओं को सुना गया तथा उनके समाधान के लिए आवश्यक पहल करने पर चर्चा हुई। रक्तदान से जुड़ी समस्याओं और सुविधाओं पर हुई चर्चा:-सम्मेलन में स्वैच्छिक रक्तदान को बढ़ावा देने के लिए कई महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए गए। इनमें रक्त संग्रह के लिए मोबाइल ब्लड कलेक्शन वैन की व्यवस्था, छोटे बच्चों के लिए 50 से 100 मिलीलीटर क्षमता वाले ब्लड बैग की उपलब्धता, ब्लड बैंक में रक्तदान करने वाले रक्तदाताओं के लिए जलपान की व्यवस्था तथा रक्तदान शिविरों के आयोजन हेतु फोल्डिंग कुर्सियों की उपलब्धता जैसे विषय प्रमुख रहे।
इसके अतिरिक्त, गांव-गांव में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए रक्तदाताओं को जिला स्तर पर सम्मानित करने, स्वैच्छिक रक्तदाताओं के डिजिटल कार्ड के आधार पर बिहार के किसी भी ब्लड बैंक से रक्त उपलब्ध कराने की व्यवस्था को प्रभावी बनाने तथा रक्तदान संगठनों को आवश्यक सहयोग प्रदान करने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा हुई। सम्मेलन में रक्तदान अभियान को गति देने के उद्देश्य से स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों को 10 प्रमुख प्रदर्शन संकेतकों (केपीआई) से संबंधित विशेष प्रशिक्षण दिया गया। इसके माध्यम से रक्तदान की गतिविधियों को व्यवस्थित करने, अधिक से अधिक लोगों को स्वैच्छिक रक्तदान के लिए प्रेरित करने तथा अभियान को ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचाने पर जोर दिया गया। बिमलेश कुमार भगत को किया गया सम्मानित:-इस अवसर पर सहरसा जिले के चर्चित समाजसेवी एवं युवा क्रांति सेवा फाउंडेशन के राष्ट्रीय संयोजक बिमलेश कुमार भगत को रक्तदान के क्षेत्र में उनके सामाजिक योगदान के लिए बिहार राज्य एड्स नियंत्रण समिति के परियोजना निदेशक आईएएस सुमित कुमार एवं अपर परियोजना निदेशक डॉ. एन. के. गुप्ता के हाथों सम्मानित किया गया। बिमलेश कुमार भगत लंबे समय से जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति लोगों को जागरूक करने के कार्य में सक्रिय हैं। उनकी संस्था थैलेसीमिया, कैंसर, किडनी रोग, एनीमिया, प्रसूति संबंधी जटिलताओं तथा दुर्घटनाओं में घायल मरीजों सहित अन्य जरूरतमंदों को रक्त उपलब्ध कराने के लिए प्रयासरत है। उनके नेतृत्व में संस्था द्वारा रक्तदान शिविरों के आयोजन और जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। खगेश कुमार ने दी बधाई:-बिमलेश कुमार भगत को राज्यस्तरीय सम्मेलन में सम्मानित किए जाने पर युवा क्रांति सेवा फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सह संरक्षक खगेश कुमार ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी। उन्होंने कहा बिमलेश कुमार भगत समाज के उभरते हुए सितारे हैं। रक्तदान के क्षेत्र में उनका योगदान सराहनीय है। जरूरतमंद मरीजों की सहायता के लिए उनका निरंतर प्रयास समाज के लिए प्रेरणादायक है। उनका सम्मानित होना युवा क्रांति सेवा फाउंडेशन के लिए गर्व की बात है। श्री खगेश ने आशा व्यक्त की कि बिमलेश कुमार भगत भविष्य में भी इसी प्रकार समाजसेवा और स्वैच्छिक रक्तदान के अभियान को आगे बढ़ाते रहेंगे।



