मधेपुरा/सहरसा:-स्थानीय ठाकुर प्रसाद महाविद्यालय स्थित स्मार्ट क्लास रूम में चल रहे छह दिवसीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम के पाँचवे दिन दिनांक 10.10.2026, शनिवार को दो विशेष व्याख्यान आयोजित किए गए। प्रथम सत्र (10:00 से 01:00 बजे तक) में मुख्य वक्ता शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत आईकेएस कोर्डीनेटर डॉ. रुचिका सिंह रहीं। उन्होंने रिसर्च फंडिंग एंड ग्रांट राइटिंग विषय पर व्याख्यान दिया। डॉ. रुचिका सिंह ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शोध के लिए फंडिंग आवश्यक है। उन्होंने आईकेएस क्या है, इस पर फोकस क्यों जरूरी है,यूजीसी आईसीएसएसआर ग्रांट प्रपोजल कैसे लिखें, इकोलॉजी इकोनॉमी फ्रेमवर्क और हैल्थ एंड वैलनेस में भारतीय ज्ञान परंपरा के महत्व पर विस्तार से बताया। द्वितीय सत्र (02:00 से 05:00 बजे तक) में मुख्य वक्ता एमिटी इंस्टीट्यूट ऑफ इंटरनेशनल स्टडीज, एमिटी यूनिवर्सिटी, नोएडा के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. श्रीश कुमार पाठक रहे।
उन्होंने नेचर स्कोप एंड फिलोसॉफी ऑफ रिसर्च तथा आइडेंटिफिकेशन ऑफ रिसर्च प्रॉब्लम एंड रिसर्च गैप्स विषय पर व्याख्यान दिया। डॉ. पाठक ने कहा कि शोध की प्रकृति और दर्शन को समझना जरूरी है। एक अच्छे शोध की शुरुआत सही रिसर्च प्रॉब्लम की पहचान से होती है और लिटरेचर रिव्यू के माध्यम से रिसर्च गैप्स को खोजकर ही मौलिक शोध किया जा सकता है। महाविद्यालय प्राचार्य प्रो. डॉ. कैलाश प्रसाद यादव ने कहा कि दोनों सत्र अत्यंत ज्ञानवर्धक रहे। महाविद्यालय के अर्थपाल डॉ. रतनदीप ने भी कहा कि इस तरह के एफडीपी से शिक्षकों में ग्रांट राइटिंग और शोध की गुणवत्ता को लेकर नई समझ विकसित होती है।कार्यक्रम का मंच संचालन एफडीपी कोऑर्डिनेटर डॉ. मिथिलेश कुमार एवं असिस्टेंट कोऑर्डिनेटर डॉ. कुमार गौरव ने किया। प्रथम सत्र का धन्यवाद ज्ञापन डॉ. मधुनंदा एवं द्वितीय सत्र का धन्यवाद ज्ञापन डॉ. संजय कुमार द्वारा किया गया। तकनीकी सहयोग डॉ. मनीष और मीडिया कवरेज डॉ. मनोज ठाकुर ने किया। इस अवसर पर डॉ. वीणा कुमारी, डॉ. मनोज कुमार यादव, सीनेटर डॉ. दीपक कुमार राणा, डॉ. उपेंद्र प्रसाद यादव, डॉ. मधुनंदा, डॉ. स्वर्णमणि, डॉ. विनय कुमार, डॉ. मिथिलेश कुमार सिंह, डॉ. गुड्डू कुमार, डॉ. कुमार सौरभ, डॉ. राकेश कुमार, डॉ. संजीव कुमार सुमन, डॉ. प्रियंका भारती, डॉ. चंद्रदीप नंदलाल यादव, डॉ. विजय कृष्ण, डॉ. भारती कुमारी, डॉ. मिंटू कुमार मेनन, डॉ. यासमीन रशीदी, डॉ. मनोज कुमार ठाकुर, डॉ. शहरयार अहमद, डॉ. हरित कृष्णा, डॉ. संजय कुमार, डॉ. संतोष कुमार सेठी, डॉ. मनीषा , डॉ. अंकेश कुमार, डॉ. बैजनाथ कुमार, डॉ. सुमित कुमार, डॉ. मुकुंद कुमार, डॉ. सीमा कुमारी, डॉ. वंदना कुमारी, डॉ. विदुषी भारती, डॉ. प्रीति, डॉ. मीनू अनामिका सहित अन्य उपस्थित रहे।



